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पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में विटामिन डी नहीं लेती हैं तो संà¤à¤² जाइà¤, आ सकती हैं गंà¤à¥€à¤° परेशानियां
पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में विटामिन डी शिशॠके विकास और मां की सेहत के लिठबहà¥à¤¤ जरूरी होता है। इस समय पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंट महिलाओं को अपनी डायट में विटामिन डी से यà¥à¤•à¥â€à¤¤ खादà¥à¤¯ पदारà¥à¤¥à¥‹à¤‚ को जरूर शामिल करना चाहिà¤à¥¤
विटामिन डी वसा में घà¥à¤²à¤¨à¤¶à¥€à¤² à¤à¤• सà¥à¤Ÿà¥‡à¤°à¥‰à¤¯à¤¡ विटामिन है। विटामिन डी सूरà¥à¤¯ की रोशनी से पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤ किया जा सकता है। यह हडà¥à¤¡à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ के विकास में महतà¥à¤µà¤ªà¥‚रà¥à¤£ à¤à¥‚मिका निà¤à¤¾à¤¤à¤¾ है। गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में विटामिन डी की बहà¥à¤¤ आवशà¥à¤¯à¤•ता होती है कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि यह मां और बचà¥à¤šà¥‡ दोनों की हडà¥à¤¡à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ और मांसपेशियों के लिठउपयोगी होता है। विटामिन डी में डी2 और डी3 को शरीर के लिठसबसे अचà¥â€à¤›à¤¾ और फायदेमंद माना जाता है।
पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में कà¥â€à¤¯à¥‹à¤‚ जरूरी है विटामिन डी
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥â€à¤¥à¤¾ के दौरान बचà¥â€à¤šà¥‡ की हडà¥à¤¡à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ का विकास होता है और उसका तेजी से विकास हो रहा होता है। विटामिन डी शरीर में फासà¥â€à¤«à¥‡à¤Ÿ और कैलà¥à¤¶à¤¿à¤¯à¤® की मातà¥à¤°à¤¾ को नियंतà¥à¤°à¤¿à¤¤ करता है। पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में आप कितनी मातà¥à¤°à¤¾ में विटामिन डी लेती हैं, इसी बात पर निरà¥à¤à¤° करता है कि जनà¥â€à¤® के समय आपके शिशॠके शरीर में कितना विटामिन डी होगा। अगर आप अपने बचà¥â€à¤šà¥‡ की हडà¥à¤¡à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ का सही विकास और उसे सà¥â€à¤µà¤¸à¥â€à¤¥ रखना चाहती हैं तो रोज परà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¥â€à¤¤ मातà¥à¤°à¤¾ में विटामिन डी जरूर लें।
जानिठपà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में अचार खाने के फायद
आपको बता दें कि करीना कपूर का छठा महीना चल रहा है और वो अपनी पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी की दूसरी तिमाही में हैं। आमतौर पर पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी की दूसरी तिमाही यानी पांचवे महीने से ही पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी कà¥à¤°à¥‡à¤µà¤¿à¤‚ग शà¥à¤°à¥‚ होती है।
à¤à¤¸à¤¾ जरूरी नहीं है कि महिलाओं को हर बार पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी पर à¤à¤• ही तरह की फूड कà¥à¤°à¥‡à¤µà¤¿à¤‚ग हो। जहां सेकंड पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में करीना का चटपटा और मसालेदार मिरà¥à¤š का अचार खाने का मन कर रहा है, वहीं तैमूर के टाइम पर करीना की कà¥à¤°à¥‡à¤µà¤¿à¤‚ग इस बार से बिलकà¥à¤² अलग थी। पहली पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी के बारे में करीना ने कहा था कि उनà¥â€à¤¹à¥‡à¤‚ करेला खाने का मन सबसे जà¥â€à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ करता था।
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥â€à¤¥à¤¾ में à¤à¤¸à¥â€à¤Ÿà¥à¤°à¥‹à¤œà¤¨ और पà¥à¤°à¥‹à¤œà¥‡à¤¸à¥â€à¤Ÿà¥‡à¤°à¥‹à¤¨ हारà¥à¤®à¥‹à¤¨ में उतार-चढ़ाव का असर सूंघने और सà¥â€à¤µà¤¾à¤¦ की कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ पर पड़ता है। इस वजह से महिलाओं को गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ होने पर चीजों का सà¥â€à¤µà¤¾à¤¦ अलग आता है या उनका फूड टेसà¥â€à¤Ÿ बदल जाता है।
कà¥à¤› फूडà¥à¤¸ जैसे कि अचार उनके सà¥â€à¤µà¤¾à¤¦ की बढ़ चà¥à¤•ी कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ को शांत कर सकता है। शायद इसीलिठगरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिलाओं का अचार खाने का मन करता है।
कई बार पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में à¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾à¤¤à¥â€à¤®à¤• तनाव के कारण à¤à¥€ महिलाओं को अचार जैसी खटà¥à¤Ÿà¥€ चीजें खाने का मन कर सकता है।
आप कà¥à¤› मातà¥à¤°à¤¾ में अचार खा सकती हैं, लेकिन बेहतर होगा कि आप अपनी पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी डायट में रोज इसे न लें। गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥â€à¤¥à¤¾ में अधिक अचार की वजह से कà¥à¤› सà¥â€à¤µà¤¾à¤¸à¥â€à¤¥à¥â€à¤¯ समसà¥â€à¤¯à¤¾à¤à¤‚ हो सकती हैं, इसलिठजब à¤à¥€ अचार खाने का मन तो इसमें कà¥à¤› मॉडरेशन करके खाà¤à¤‚।
पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में अचार खाने के कई फायदे हो सकते हैं जिनमें से कà¥à¤› के बारे में नीचे बताया गया है :
शरीर के लिठसोडियम और पोटैशियम जैसे खनिज पदारà¥à¤¥ जरूरी होते हैं। पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी के दौरान शिशॠके विकास की जरूरतों की पूरà¥à¤¤à¤¿ के लिठअधिक मातà¥à¤°à¤¾ में इलेकà¥â€à¤Ÿà¥à¤°à¥‹à¤²à¤¾à¤‡à¤Ÿà¥à¤¸ की जरूरत होती है। थोड़ी मातà¥à¤°à¤¾ में अचार खाकर आप इसकी पूरà¥à¤¤à¤¿ कर सकती हैं कà¥â€à¤¯à¥‹à¤‚कि अचार में सोडियम और पोटैशियम होता है।अचार पाचन में सà¥à¤§à¤¾à¤° लाने में मदद करते हैं। इनमें हेलà¥â€à¤¦à¥€ बैकà¥â€à¤Ÿà¥€à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ हो सकता है जो पाचन तंतà¥à¤° की समसà¥â€à¤¯à¤¾à¤“ं को दूर रख सकता है।सबà¥à¤œà¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ के ताजे अचार जैसे कि आंवला में विटामिन à¤, सी और के à¤à¤µà¤‚ कैलà¥à¤¶à¤¿à¤¯à¤®, आयरन और पोटैशियम जैसे खनिज पदारà¥à¤¥ होते हैं। ये विटामिन और खनिज पदारà¥à¤¥ इमà¥â€à¤¯à¥‚न सिसà¥â€à¤Ÿà¤® को मजबूत करके पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में बीमारियों की चपेट में आने के खतरे को कम करते हैं।
कà¥â€à¤¯à¤¾ पà¥à¤°à¥€à¤¨à¥ˆà¤Ÿà¤² विटामिन में परà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¥â€à¤¤ विटामिन डी होता है?
à¤à¤¸à¤¾ जरूरी नहीं है कि पà¥à¤°à¥€à¤¨à¥ˆà¤Ÿà¤² विटामिन में परà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¥â€à¤¤ विटामिन डी होता है। हाल ही में हà¥à¤ˆ à¤à¤• सà¥â€à¤Ÿà¤¡à¥€ में पाया गया कि जो महिलाà¤à¤‚ रोज 4,000 इंटरनेशनल यूनिट विटामिन लेती हैं, उनà¥â€à¤¹à¥‡à¤‚ पà¥à¤°à¥€à¤Ÿà¤°à¥à¤® लेबर और इंफेकà¥â€à¤¶à¤¨ से सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¾ मिलती है।
यह कहा जा सकता है कि विटामिन डी आपके लिठही नहीं बलà¥à¤•ि आपके बचà¥à¤šà¥‡ के सही विकास के लिठà¤à¥€ महतà¥à¤µà¤ªà¥‚रà¥à¤£ होता है और यह दोनों को सà¥â€à¤µà¤¸à¥â€à¤¥ रख सकता है। पà¥à¤°à¥€à¤¨à¥‡à¤Ÿà¤² विटामिन में 400 इंटरनेशनल यूनिट विटामिन डी होता है इसलिठआपको रोजाना की विटामिन डी की पूरà¥à¤¤à¤¿ के लिठअतिरिकà¥â€à¤¤ विटामिन डी लेना होगा।
विटामिन डी का सबसे अचà¥à¤›à¤¾ सà¥à¤°à¥‹à¤¤ कà¥à¤¯à¤¾ है?
विटामिन डी का सबसे अचà¥â€à¤›à¤¾ सà¥à¤°à¥‹à¤¤ धूप यानी नि सूरà¥à¤¯ की किरणें होती हैं। आप गरà¥à¤®à¥€ के मौसम में à¤à¥€ धूप ले सकती हैं, लेकिन सà¥à¤¬à¤¹ 10 बजे से दोपहर के 3 बजे के बीच ही धूप लें और अपने हाथों पर धूप लगने दें। शरीर के बाकी हिसà¥â€à¤¸à¥‹à¤‚ को कपड़े से ढंक सकती हैं और चेहरे पर सनसà¥â€à¤•à¥à¤°à¥€à¤¨ जरूर लगाà¤à¤‚।
इसके अलावा विटामिन डी बà¥à¤°à¥‡à¤¡, अनाज, दूध, पनीर, चीज, सोया मिलà¥à¤• और संतरे के जूस में पाया जाता है। मशरूम में à¤à¥€ विटामिन डी पाया जाता है।
जानिठपà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में अचार खाने के फायदे
आपको बता दें कि करीना कपूर का छठा महीना चल रहा है और वो अपनी पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी की दूसरी तिमाही में हैं। आमतौर पर पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी की दूसरी तिमाही यानी पांचवे महीने से ही पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी कà¥à¤°à¥‡à¤µà¤¿à¤‚ग शà¥à¤°à¥‚ होती है।
à¤à¤¸à¤¾ जरूरी नहीं है कि महिलाओं को हर बार पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी पर à¤à¤• ही तरह की फूड कà¥à¤°à¥‡à¤µà¤¿à¤‚ग हो। जहां सेकंड पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में करीना का चटपटा और मसालेदार मिरà¥à¤š का अचार खाने का मन कर रहा है, वहीं तैमूर के टाइम पर करीना की कà¥à¤°à¥‡à¤µà¤¿à¤‚ग इस बार से बिलकà¥à¤² अलग थी। पहली पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी के बारे में करीना ने कहा था कि उनà¥â€à¤¹à¥‡à¤‚ करेला खाने का मन सबसे जà¥â€à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ करता था।
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥â€à¤¥à¤¾ में à¤à¤¸à¥â€à¤Ÿà¥à¤°à¥‹à¤œà¤¨ और पà¥à¤°à¥‹à¤œà¥‡à¤¸à¥â€à¤Ÿà¥‡à¤°à¥‹à¤¨ हारà¥à¤®à¥‹à¤¨ में उतार-चढ़ाव का असर सूंघने और सà¥â€à¤µà¤¾à¤¦ की कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ पर पड़ता है। इस वजह से महिलाओं को गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ होने पर चीजों का सà¥â€à¤µà¤¾à¤¦ अलग आता है या उनका फूड टेसà¥â€à¤Ÿ बदल जाता है।
कà¥à¤› फूडà¥à¤¸ जैसे कि अचार उनके सà¥â€à¤µà¤¾à¤¦ की बढ़ चà¥à¤•ी कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ को शांत कर सकता है। शायद इसीलिठगरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिलाओं का अचार खाने का मन करता है।
कई बार पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में à¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾à¤¤à¥â€à¤®à¤• तनाव के कारण à¤à¥€ महिलाओं को अचार जैसी खटà¥à¤Ÿà¥€ चीजें खाने का मन कर सकता है
आप कà¥à¤› मातà¥à¤°à¤¾ में अचार खा सकती हैं, लेकिन बेहतर होगा कि आप अपनी पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी डायट में रोज इसे न लें। गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥â€à¤¥à¤¾ में अधिक अचार की वजह से कà¥à¤› सà¥â€à¤µà¤¾à¤¸à¥â€à¤¥à¥â€à¤¯ समसà¥â€à¤¯à¤¾à¤à¤‚ हो सकती हैं, इसलिठजब à¤à¥€ अचार खाने का मन तो इसमें कà¥à¤› मॉडरेशन करके खाà¤à¤‚।
पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में अचार खाने के कई फायदे हो सकते हैं जिनमें से कà¥à¤› के बारे में नीचे बताया गया है :
शरीर के लिठसोडियम और पोटैशियम जैसे खनिज पदारà¥à¤¥ जरूरी होते हैं। पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी के दौरान शिशॠके विकास की जरूरतों की पूरà¥à¤¤à¤¿ के लिठअधिक मातà¥à¤°à¤¾ में इलेकà¥â€à¤Ÿà¥à¤°à¥‹à¤²à¤¾à¤‡à¤Ÿà¥à¤¸ की जरूरत होती है। थोड़ी मातà¥à¤°à¤¾ में अचार खाकर आप इसकी पूरà¥à¤¤à¤¿ कर सकती हैं कà¥â€à¤¯à¥‹à¤‚कि अचार में सोडियम और पोटैशियम होता है।अचार पाचन में सà¥à¤§à¤¾à¤° लाने में मदद करते हैं। इनमें हेलà¥â€à¤¦à¥€ बैकà¥â€à¤Ÿà¥€à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ हो सकता है जो पाचन तंतà¥à¤° की समसà¥â€à¤¯à¤¾à¤“ं को दूर रख सकता है।सबà¥à¤œà¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ के ताजे अचार जैसे कि आंवला में विटामिन à¤, सी और के à¤à¤µà¤‚ कैलà¥à¤¶à¤¿à¤¯à¤®, आयरन और पोटैशियम जैसे खनिज पदारà¥à¤¥ होते हैं। ये विटामिन और खनिज पदारà¥à¤¥ इमà¥â€à¤¯à¥‚न सिसà¥â€à¤Ÿà¤® को मजबूत करके पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में बीमारियों की चपेट में आने के खतरे को कम करते हैं।
पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में कितना विटामिन डी चाहिठहोता है
पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंट और दूध पिलाने वाली महिलाओं को रोज 10 माइकà¥à¤°à¥‹à¤—à¥à¤°à¤¾à¤® विटामिन डी के सपà¥â€à¤²à¥€à¤®à¥‡à¤‚ट की जरूरत होती है। इस तरह आप अपने शरीर के साथ-साथ डिलीवरी के बाद 6 महीने तक बचà¥â€à¤šà¥‡ की à¤à¥€ विटामिन डी की जरूरत को पूरा कर सकती हैं। अगर आप पà¥à¤°à¥€à¤¨à¥‡à¤Ÿà¤² मलà¥â€à¤Ÿà¥€à¤µà¤¿à¤Ÿà¤¾à¤®à¤¿à¤¨ ले रही हैं तो उसमें विटामिन डी 10 माइकà¥à¤°à¥‹à¤—à¥à¤°à¤¾à¤® तो होना ही चाहिà¤à¥¤
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में विटामिन डी की कमी?
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में विटामिन डी की कमी होना मतलब मांसपेशियों और हडà¥à¤¡à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ में दरà¥à¤¦ होना। गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिला या सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ करवाने वाली महिलाओं में विटामिन डी की कमी का खतरा हो सकता है।
शरीर में अतà¥â€à¤¯à¤§à¤¿à¤• विटामिन डी की कमी के कारण रिकेटà¥à¤¸ हो सकता है जिसमें हडà¥à¤¡à¤¿à¤¯à¤¾à¤‚ बहà¥à¤¤ मà¥à¤²à¤¾à¤¯à¤® हो जाती हैं । विटामिन डी की कमी के कारण आगे चलकर ऑसà¥à¤Ÿà¤¿à¤¯à¥‹à¤ªà¥‹à¤°à¥‹à¤¸à¤¿à¤¸ और डायबिटीज जैसी गंà¤à¥€à¤° बीमारियां à¤à¥€ हो सकती हैं।
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